: UP एसटीएफ ने शिवसेना के पूर्व विधायक को किया गिरफ्तार
Sat, Nov 4, 2023
लखनऊ
शिवसेना के पूर्व विधायक को यूपी पुलिस की एसटीएफ विंग ने गिरफ्तार किया है. ये पूरा मामला जमीन की धोखाधड़ी और जालसाजी से जुड़ा है. यूपी पुलिस का कहना है कि एक महिला ने फर्जी दस्तावेजों के जरिए 8 करोड़ की जमीन 20 लाख रुपए में हड़पने का आरोप लगाया था. आरोपी के खिलाफ केस दर्ज करने के बाद उसकी तलाश की जा रही थी. पुलिस अब आगे की पूछताछ करेगी.
बता दें कि 1990 के दशक में राम मंदिर आंदोलन के दौरान पवन पांडे ने शिवसेना के टिकट पर अंबेडकर नगर जिले की अकबरपुर विधानसभा सीट से चुनाव लड़ा था और जीत हासिल की थी. यूपीएसटीएफ ने एक साल पुराने जमीन धोखाधड़ी और फर्जी दस्तावेज तैयार करने के केस में पवन पांडे की गिरफ्तारी की है. हाईकोर्ट के आदेश पर यूपीएसटीएफ ने साल 2022 में केस दर्ज किया था. अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पवन पांडे की तलाश की जा रही थी. शुक्रवार शाम यूपीएसटीएफ ने अंबेडकर नगर की अकबरपुर कोतवाली से पांडे को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया.
क्या है पूरा मामला
अंबेडकरनगर के अकबरपुर कोतवाली में चंपा देवी ने 5 जून 2022 को पवन पांडे, मुकेश तिवारी, गोविंद यादव समेत 12 लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी और जालसाजी का आरोप लगाकर एफआईआर दर्ज करवाई थी. आरोप लगाया गया था कि अकबरपुर-बसखारी नेशनल हाइवे पर स्थित 8 करोड़ की जमीन को हथियाने के लिए पवन पांडे और उनके साथियों ने मिलकर पीड़िता के बेटे की पत्नी के रूप में नीतू सिंह का नाम दर्ज कराया. इस दौरान कागजों में बाराबंकी से बनवाए गए आर्य समाज मंदिर के फर्जी प्रमाण पत्र लगाए गए. उसके बाद पीड़िता के बेटे को नशे का आदी बनाया और अगस्त 2020 को उसकी कीमती जमीन 20 लख रुपए में पवन पांडे ने अपने करीबी मुकेश तिवारी के नाम लिखवा ली थी.
पीड़िता का कहना था कि पवन पांडे ने अंबेडकरनगर नगर पालिका के सर्वे अफसर के साथ मिलकर आजमगढ़ की रहने वाली नीतू सिंह नाम की लड़की से उसके बेटे की शादी का फर्जी प्रमाण पत्र बनवाया और नीतू सिंह का नाम पीड़िता के परिवार रजिस्टर में दर्ज करवाने के लिए अर्जी भी डाली थी. एफआईआर में कहा गया कि पहले उसके बेटे अजय सिंह का बाराबंकी के सफेदाबाद आर्य समाज मंदिर में शादी का फर्जी प्रमाण पत्र बनवाया गया. उसके 2 घंटे बाद ही बेटे का संदिग्ध परिस्थितियों में एक्सीडेंट करवाया गया.
पीड़िता ने यहां तक कहा कि अगर उसे और उसकी दोनों बेटियों और दामाद को कुछ हो जाता है तो उसके लिए पवन पांडे और उसके साथी जिम्मेदार होंगे. हाई कोर्ट के आदेश पर यूपीएसटीएफ ने इस मामले में जांच शुरू की थी. उसके बाद यूपीएसटीएफ ने पवन पांडे को गिरफ्तार किया.
: माथेरान-नेरल मिनी ट्रेन सेवा चार नवंबर से बहाल होगी : मध्य रेलवे
Sat, Nov 4, 2023
मुंबई
मुंबई के निकट प्रसिद्ध माथेरान-नेरल मिनी ट्रेन सेवा दिवाली की छुट्टियों से पहले चार नवंबर से बहाल हो जाएगी। मध्य रेलवे ने यह घोषणा की।
मध्य रेलवे ने एक विज्ञप्ति जारी कर बताया कि नेरल से माथेरान के लिए सुबह आठ बजकर 50 मिनट पर और पूर्वाह्न 10 बजकर 50 मिनट पर तथा माथेरान से नेरल के लिए अपराह्न पौने तीन बजे और शाम चार बजे ट्रेन सेवा उपलब्ध कराई जाएगी।
विज्ञप्ति के अनुसार, ''इस दौरान छह कोच की ट्रेन चलेंगी, जिनमें तीन द्वितीय श्रेणी के डिब्बे, एक 'विस्टाडोम' (शीशे के आवरण वाला विहंगम दृश्यों को देखने योग्य पारदर्शी कोच) ओर दो द्वितीय श्रेणी सह सामान रखने वाले वैन कोच होंगे।''
मध्य रेलवे अमन लॉज और माथेरान के बीच 'डाउन' और 'अप' दिशाओं में छह सेवाएं चलाता है जबकि सप्ताहांत में इन आठ ट्रेनें चलती हैं।
मध्य रेलवे हर साल सुरक्षा कारणों से जून से अक्टूबर तक बारिश के मौसम के दौरान नेरल से माथेरान के बीच टॉय ट्रेन संचालन को निलंबित कर देता है, लेकिन माथेरान से अमन लॉज के बीच ट्रेन सेवा उपलब्ध रहती है। अमन लॉज दस्तूरी प्वाइंट से निकटतम स्टेशन है और पर्वतीय क्षेत्र में इसके आगे वाहनों को जाने की अनुमति नहीं है।
नेरल-माथेरान टॉय ट्रेन सेवा 100 साल से अधिक पुरानी है और भारत में उपलब्ध कुछ पर्वतीय रेलवे सेवा में से एक है। कुल 21 किलोमीटर लंबा नेरल-माथेरान नैरो गेज मार्ग मुंबई से लगभग 100 किलोमीटर दूर स्थित हिल स्टेशन के सुरम्य घाट से होकर गुजरता है।
: बच्चों पर बढ़ने लगा भयानक बीमारी का खतरा, स्कूलों को जारी हुए ऑडर
Sat, Nov 4, 2023
लुधियाना
डेंगू के निरंतर चल रहे प्रकोप के बीच यह भी सामने आया है कि मरीजों में काफी संख्या बच्चों की भी सामने आ रही है जिसमें 1 वर्ष से कम आयु के बच्चों से लेकर 10 साल के बच्चों पर डेंगू का काफी असर देखा जा रहा है।कुछ वर्ष पहले पंजाब राज्य बाल अधिकार रक्षा कमीशन ने राज्य के स्वास्थ्य, स्कूल शिक्षा विभागों के अलावा पंजाब सरकार के प्रमुख सचिव तथा सभी जिला शिक्षा अफसरों को पत्र लिखकर स्कूली बच्चों को डेंगू व चिकनगुनिया से बचाने के लिए आवश्यक कदम उठाने को कहा था। तब बच्चों में डेंगू के प्रकोप को लेकर उनके बीमार होने से लेकर अकाल मृत्यु के समाचार भी सामने आए थे जिसे लेकर पंजाब राज्य बाल अधिकार कमिशन ने सभी विभागों से तुरंत बचाव करें शुरू करने को कहा था।
विशेषज्ञों ने कहा कि डेंगू बुखार से कई बच्चे भी सामने आ रहे हैं, इसलिए राज्य की सभी म्यूनिसिपल कमेटियों, निगमों को जिलों के शहरी क्षेत्र के स्कूलों में फॉगिंग, मच्छर मारने की दवाई का छिड़काव करवाए जाने के लिए आवश्यक निर्देश दिए जाएं। यह प्रक्रिया इस मौसम तथा भविष्य के लिए भी जारी रखी जाए। इसके अलावा स्कूल शिक्षा विभाग शहरी तथा ग्रामीण क्षेत्रों के सभी सरकारी स्कूलों के बच्चों को इस मौसम में पूरी ड्रैस पहनकर आने को कहा जाए। यह प्रक्रिया इस मौसम में तथा भविष्य में भी जारी रखी जाए। उल्लेखनीय है कि विशेषज्ञों द्वारा डेंगू से बचाव के लिए पूरा शरीर ढककर रखने वाले कपड़े पहनने को कहा जाता है परंतु बहुत से स्कूल ड्रैस कोड के चलते हैं बचाव कार्यों संबंधी निर्देशों का पालन नहीं करते।
निजी स्कूल अपने स्तर पर करें बचाव
निजी स्कूलों के बच्चों की सुरक्षा के लिए सभी जिलों के एलीमैंटरी व सैकेंडरी शिक्षा अफसरों को निर्देश जाएं कि वे अपने-अपने जिले के सभी प्राइवेट स्कूलों निर्देश दें कि वे अपने स्कूलों में फॉगिंग करवाएं और इसके लिए निजी मशीनों की खरीद करें अथवा मशीनें किराए पर लेकर इस बचाव कार्य को पूरा करें। इसके अलावा सभी सिविल सर्जनों को स्थानीय सरकार, ग्रामीण विकास व पंचायती विभाग से तालमेल करके सर्वे करवाया जाए और अगर कहीं भी मच्छर का लारखा मिलता है तो वहां स्प्रे किया जाए। इसके अलावा घरों में भी मच्छर भगाने वाले मत प्रतिरोधों का इस्तेमाल किया जाए बच्चों को बाहर खेलने जाने से पहले उन्हें मच्छरों को भागने वाली क्रीम लगाई जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि बच्चे पूरे कपड़े पहनकर खेलने के लिए जाएं।
सुबह-शाम मच्छरों के डक का अधिक खतरा
विशेषज्ञों के अनुसार सुबह-शाम को डेंगू का मच्छर अधिक सक्रिय होता है ऐसे में बचाव संबंधी कार्यों का विशेष ध्यान रखा जाए इसके अलावा अपने घर के आसपास छत पर पानी खड़ा न होने दें। अपने घर में लगे पौधों को सीमित मात्रा में सिंचित करें।
50 नए मरीज आए सामने
जिले में पिछले 24 घंटे में डेंगू के 50 नए मरीज सामने आए हैं इनमें 20 मरीजों में स्वास्थ्य विभाग ने डेंगू की पुष्टि की है जिममें 13 मरीज शहरी इलाकों के रहने वाले हैं जबकि साथ ग्रामीण क्षेत्र से संबंधित हैं। स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार वर्तमान में जिले में 137 एक्टिव केस विभिन्न अस्पतालों में उपचाराधीन हैं। इनमें 105 शहरी इलाकों के रहने वाले हैं जबकि 32 ग्रामीण क्षेत्रों में संबंधित है
प्रमुख अस्पताल ही दे रहे हैं डेंगू की रिपोर्ट
स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार जिले में प्रमुख अस्पताल ही डेंगू की रिपोर्ट स्वास्थ्य विभाग को कर रहे हैं रिपोर्ट्स के अनुसार दयानंद अस्पताल में 78, दीप अस्पताल में 43, जी.टी.बी. में 5, सिविल अस्पताल में 7, विजय आनंद तथा ग्लोबल अस्पताल में 2-2 मरीज भर्ती हैं।