: कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक ने लिया मतगणना तैयारियों का जायजा
Sat, Dec 2, 2023
मॉक ड्रिल कर मतगणना की तैयारियों को दिया गया अंतिम रूप
निर्वाचन आयोग के निर्देशों के अनुरूप सशक्त सुरक्षा के बीच सम्पन्न होगा मतगणना कार्य
अनूपपुर.
कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री आशीष वशिष्ठ एवं पुलिस अधीक्षक श्री जितेन्द्र सिंह पवार ने मतगणना केन्द्र तथा सुरक्षा से संबंधित विभिन्न तैयारी का निरीक्षण कर जायजा लिया गया। इस दौरान जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री तन्मय वशिष्ठ शर्मा, अपर कलेक्टर एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी श्री सी पी पटेल, सभी रिटर्निंग अधिकारी, सहायक रिटर्निंग अधिकारी, संयुक्त कलेक्टर श्री दिलीप पाण्डेय, श्रीमती अंजली द्विवेदी सहित सर्व संबंधित अधिकारी मौके पर मौजूद रहे। विधानसभा सामान्य निर्वाचन 2023 के तहत विगत 17 नवम्बर को हुए मतदान की मतगणना 3 दिसम्बर को प्रातः 8 बजे से शासकीय पॉलीटेक्निक कॉलेज अनूपपुर में बनाए गए विधानसभावार मतगणना कक्षों में की जाएगी। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री आशीष वशिष्ठ के मार्गदर्शन में मतगणना की मॉक ड्रिल कर तैयारियों को अंतिम रूप दिया गया।
जिले के कोतमा, अनूपपुर एवं पुष्पराजगढ़ विधानसभा क्षेत्रों की मतगणना अलग-अलग कक्षों में 14-14 टेबलों में होगी। इसके लिए विधानसभावार गणना पर्यवेक्षक, गणना सहायक तथा माइक्रो आब्जर्वर की तैनातगी रहेगी। मतगणना कार्य से जुड़े सभी अधिकारियों-कर्मचारियों ने दिए गए दायित्वों का पूर्वाभ्यास किया।
मतगणना केन्द्र में सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए हैं। त्रिस्तरीय चाक-चौबंद सुरक्षा व्यवस्था रहेगी। मतगणना स्थल पर तैनात शासकीय सेवकों, मीडिया कार्मिकों तथा अभ्यर्थी, अभ्यर्थियों के अभिकर्ताओं के वाहन की पार्किंग की पृथक-पृथक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं। पॉलीटेक्निक कॉलेज स्थित गेट क्रमांक 01 से मतगणना कार्मिक, मीडिया कर्मियों के प्रवेश की व्यवस्था रहेगी। वहीं गेट क्रमांक 02 से अभ्यर्थी व उनके अभिकर्ता प्रवेष पा सकेंगे। सभी के पास निर्धारित प्राधिकार पत्र/परिचय पत्र होना अनिवार्य होगा। मतगणना कार्य स्थल पर मोबाइल व व्यसन सामग्री बीड़ी, सिगरेट, तम्बाकू सहित अन्य ले जाने पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा।
विधानसभा क्षेत्र कोतमा के 202 मतदान केन्द्रों की गिनती 14 टेबलों में 15 राउंड में पूरी होगी। वहीं अनूपपुर विधानसभा क्षेत्र के 224 मतदान केन्द्रों की मतगणना 14 टेबलों में 16 राउंड में व पुष्पराजगढ़ विधानसभा क्षेत्र के 273 मतदान केन्द्रों की मतगणना 14 टेबलों में 20 राउंड में पूरी होगी। जिले के तीनों विधानसभा क्षेत्र के 699 मतदान केन्द्रों की मतगणना को सम्पन्न कराने के लिए सभी आवष्यक व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया गया है। 3 दिसम्बर की सुबह 8 बजे डाक मतपत्रों की गिनती होगी। उसके पश्चात् प्रातः 8ः30 बजे से ईवीएम की मतगणना का कार्य प्रारंभ होगा। जो अंतिम परिणाम मिलने तक लगातार जारी रहेगा। प्रत्येक चक्र की गणना पूरी होने के बाद रिटर्निंग ऑफीसर द्वारा हस्ताक्षर के बाद इसे इनकोर पोर्टल पर ऑनलाईन दर्ज किया जाएगा। इसके बाद कोई भी व्यक्ति निर्वाचन आयोग की वेबसाइट तथा एप पर परिणाम देख सकेगा। मीडिया सेन्टर में भी प्रत्येक चक्र के परिणाम विधानसभावार प्रदर्शित किए जाएगे। मतगणना केन्द्र में केवल वैध प्रवेश पत्रधारियों को ही प्रवेश दिया जाएगा।
प्रेक्षक रहेंगे मौजूद
भारत निर्वाचन आयोग द्वारा जिले के तीनों विधानसभा क्षेत्रों हेतु अलग-अलग सामान्य निर्वाचन प्रेक्षक नियुक्त किए गए हैं। जिनके निगरानी में मतगणना का कार्य सम्पन्न होगा। मतगणना केन्द्र पॉलीटेक्निक कॉलेज के भू-तल पर अनूपपुर विधानसभा क्षेत्र की तथा प्रथम तल पर कोतमा एवं पुष्पराजगढ़ विधानसभा क्षेत्र की मतगणना सम्पन्न होगी। 3 दिसम्बर को प्रातः 7 बजे मतगणना के लिए स्ट्रांग रूम प्रेक्षक/अभ्यर्थियों या अधिकृत प्रतिनिधियों की उपस्थिति में खोला जाएगा।
स्ट्रांग रूम से मतगणना कक्ष तक ईवीएम को ले जाने दल की रहेगी तैनातगी
कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि स्ट्रांग रूम से मतगणना कक्ष तक ईवीएम ले जाने के लिए पृथक से दल तैनात किया गया है। अधिकारियों की निगरानी में ईवीएम कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच मतगणना कक्ष तक जाएगी। प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र के लिए अलग-अलग मतगणना कक्ष बनाए गए हैं।
: मतगणना प्रक्रिया और परिणामों की हर स्थिति की तैयारी में बीजेपी-कांगेस
Sat, Dec 2, 2023
भोपाल
मध्य प्रदेश में किसकी सरकार बनेगी, किस दल के सिर सजेगा ताज। इसका फैसला रविवार को हो जाएगा। विधानसभा चुनाव को लेकर रविवार को होने वाली मतगणना को लेकर दोनों ही दल भाजपा और कांग्रेस सतर्क हैं। दोनों ही दलों ने मतगणना के लिए अपना पूरा अभ्यास कर लिया है। काउंटिंग के दौरान किस तरह की समस्या आने पर प्रदेश कांग्रेस दफ्तर में कमलनाथ और प्रदेश भाजपा दफ्तर में वीडी शर्मा अपनी लीगल टीम के साथ मौजूद रहेंगे।
शनिवार को दोनों ही दलों के जिला पदाधिकारी अपने काउंटिंग एजेंटों से एक बार फिर बात करेंगे। उम्मीदवार भी उनसे आज एक बार फिर से बात करेंगे। ताकि काउंटिंग के दौरान उनके एजेंट पूरे समय अलर्ट मोड में रहें। दोनों ही दल काउंटिंग को लेकर ट्रेनिंग दे चुके हैं। ट्रेनिंग में दोनों ही दलों के एजेंटों को बताया गया है कि काउंटिंग कैसे करवाना हैं। उसमें आने वाली परेशानी का हल कैसे निकालना है।
वहीं इस दौरान आने वाली परेशानियों को हल करने के लिए जिले में ही दोनों दलों के नेता सक्रिय रहेंगे। वहीं यदि स्थिति ऐसी बनी की उसकी जानकारी भोपाल तक पहुंचाना हैं तो वह भी व्यवस्था दोनों ही दलों की तरफ से बनाई गई है। किसी भी विधानसभा क्षेत्र से प्रदेश दफ्तर शिकायत आते ही, उस पर संबंधित दल की लीगल टीम सक्रिय हो जाएगी। वह अपने स्तर पर निर्वाचन आयोग तक पहुंच कर उसका निराकरण का प्रयास करेगी।
सिंधिया और वीडी रहेंगे भाजपा कार्यालय में
इधर प्रदेश भाजपा दफ्तर में भी बड़ी स्क्रीन लगाई जाएगी। यहां पर प्रदेश भाजपा अध्यक्ष वीडी शर्मा, केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया सुबह से ही मौजूद रहेंगे। वहीं मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान भी यहां पर आकर चुनाव परिणाम देख सकते हैं। भाजपा के इन नेताओं के साथ भी पार्टी की लीगल टीम मौजूद रहेगी। जिसमें एसएस उप्पल के अलावा रजनीश अग्रवाल सहित अन्य नेता यहां पर मौजूद रहेंगे। कहीं से भी शिकायत या समस्या आने पर उनके निराकरण के लिए भी यहां पर एक टीम अलग से रहेगी।
कांग्रेस दफ्तर में जमा होंगे दिग्गज नेता
प्रदेश कांग्रेस के दफ्तर में चुनाव परिणाम देखने के लिए बड़ी स्क्रीन लगाई गई है। यहां पर कार्यकर्ता चुनाव परिणाम देख सकेंगे। वहीं तीसरी मंजिल पर स्थित हाल में लगी स्क्रीन पर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ और पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह चुनाव परिणाम देखेंगे। इनके साथ कांग्रेस की लीगल टीम भी मौजूद रहेगी। जिसमें जेपी धनोपिया, शंशाक शेखर मौजूद रहेंगे। जो हर शिकायत पर एक्टिव रहेगी। वहीं प्रदेश कांग्रेस के उपाध्यक्ष राजीव सिंह, प्रकाश जैन भी इस दौरान प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में कमलनाथ के साथ रहेंगे। कांग्रेस की ट्रैक्निकल टीम भी यहां पर मौजूद रहेगी। कांग्रेस में जहां राष्टÑीय अध्यक्ष ने मतगणना के बाद की रणनीति बनाई। वहीं भाजपा ने भी मतगणना के बाद की संभावित स्थिति को लेकर रणनीति बनाई है। भाजपा ने अपने सभी बागी उम्मीदवारों से संपर्क कर लिया है। यदि ये जीते और भाजपा को तत्काल इनकी जरुरत पड़ी तो इन्हें भाजपा के जिला नेता तत्काल भोपाल लेकर आएंगे और यहां पर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष वीडी शर्मा से मुलाकात करवाएंगे।
मतों की गिनती के लिए 4 हजार 369 टेबल
इलेक्ट्रानिक वोटिंग मशीनों पर डले मतो की गिनती के लिए 4 हजार 369 टेबल लगाई जाएंगी। वहीं डाक मतपत्रों की गिनती 692 टेबलों पर होंगी। एक टेबल पर कुल चार कर्मचारी तैनात रहेंगे। इस मान से बीस हजार 244 कर्मचारी गणना कराएंगे। सुरक्षा मे लगे केन्द्रीय बल, राज्य के पुलिस बल और स्ट्रांग रुम से मतपेटियां लाने और गिनती के बाद स्ट्रांग रुम में वापस जमा कर सीलबंद करने में दस हजार कर्मचारी तैनात रहेंगे।
सबसे अधिक 26 राउंड झाबुआ में ईवीएम की मतगणना के लिए सबसे अधिक 26 राउंड झाबुआ विधानसभ में और सबसे कम बारह राउंड सेवढ़ा विधानसभा क्षेत्र के लिए दतिया में होंगे।
: कांग्रेस की देर रात वर्चुअल बैठक में बनी रणनीति
Sat, Dec 2, 2023
भोपाल
शुक्रवार-शनिवार की देर रात कांग्रेस नेताओं की एक महत्वपूर्ण बैठक हुई। इसमें प्रदेश कांग्रेस के अधिकांश नेता वर्चुअली जुड़े थे। इन नेताओं कांग्रेस के राष्टÑीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने साफ कर दिया है कि यदि पिछली बार जैसी स्थिति रही तो भी कांग्रेस को ही सरकार बनाना हैं। इसमें विधायकों को दूसरे राज्य ले जाने से लेकर राज्यपाल के सामने सरकार बनाने तक के दावे को लेकर इस बैठक में बातचीत हुई।
सूत्रों की मानी जाए तो खड़गे ने शुक्रवार की रात को करीब 11.30 बजे बैठक ली। इस बैठक में कमलनाथ के अलावा प्रदेश कांग्रेस के प्रभारी रणदीप सिंह सुरजेवाला, पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह, नेता प्रतिपक्ष डॉ. गोविंद सिंह, पूर्व नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह, प्रदेश कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष सुरेश पचौरी, अरुण यादव, कमलेश्वर पटेल शामिल हुए। यह सभी नेता वीडिया कांफ्रेंसिंग के जरिए इस बैठक में जुड़े।
इस बैठक में यह तय कर दिया गया है कि यदि सीटों का गणित पिछले चुनाव की ही तरह सामने आया तो कांग्रेस नेताओं को क्या-क्या करना है। सभी को यह साफ कर दिया कि भाजपा से यदि सीटों का अंदर थोड़ा ज्यादा हुआ तो भले ही कितनी ही रात हो राज्यपाल के पास उसी वक्त पहुंच कर सरकार बनाने का दावा कांग्रेस पेश करेगी। उस स्थिति में बाकी के नेता अपने क्षेत्र के विधायकों से संपर्क में रहकर, यदि ऐसा लगा कि उन्हें बाहर दूसरे राज्य में ले जाना है तो उसकी भी व्यवस्था तत्काल की जाएगी। हर अंचल में यह व्यवस्था की जाएगी, ताकि उन्हें दूसरे राज्य में ले जाया जा सके।
नेताओं को उनके क्षेत्र की जिम्मेदारी
कांग्रेस के सभी नेताओं को उनके-उनके अंचल की जिम्मेदारी दी गई है। ये नेता अपने अंचल में मौजूद रहेंगे। भोपाल में कमलनाथ, रणदीप सिंह सुरजेवाला और दिग्विजय सिंह ही रहेंगे। बाकी के नेता अपने क्षेत्र में रहेंगे। वहां के कांग्रेस विधायकों से वे लगातार संपर्क में रहेंगे। जरुरत पड़ने पर अंचल के एक स्थान पर इन्हें चुनाव परिणाम की रात में ही बुलाया जा सकता है।