: श्रम विभाग प्रशासनिक स्तर पर मजदूरों का क़र रहा शोषण
Admin
Thu, Aug 8, 2024
बलौदाबाजार |
शताब्दियों से संघर्षरत मजदूर वर्ग अपने सम्मान और हक से कोसों दूर है। इतने लंबे अनवरत संघर्ष के बावजूद स्थिति 'ढ़ाके के तीन पात' वाली ही है। आज इक्कीशवीं सदी में भी मजदूरों का शोषण बदस्तूर जारी है। समय के बदलते दौर में सत्ताएं बदलीं, नीतियां बदलीं, अर्थव्यवस्थाएं बदलीं और परिस्थितियां बदलीं लेकिन यदि कुछ नहीं बदला तो एकमात्र मजदूर वर्ग की किस्मत नहीं बदली, निश्चित तौर पर यह विडम्बना का विषय है। इससे भी बड़ी विडम्बना का विषय यह है कि सरकार द्वारा मजदूर हित में चलाये जा रहे विभिन्न योजनाओं का लाभ जिम्मेदार अधिकारी कर्मचारियों की लापरवाही व गैर जिम्मेदाराना कार्यों के चलते मजदूरों कों लाभ नहीं मिल पा रहा है । वस्तुस्थित ऐसी है की बलौदाबाजार जिले के श्रम विभाग में मजदूर सम्बंधित विभिन्न योजनाओं की आवेदन इतनी वृहत संख्या में लंबित है की यह कहने में कोई अतिश्योक्ति नहीं होंगी की प्रशासन द्वारा स्पष्ट रूप से मजदूरों का दमन व शोषण किया जा रहा है। जिले के श्रम विभाग के अधिकारी कर्मचारी द्वारा राज्य के यशस्वी मुख्यमंत्री के दूरदर्शिता अभियान को धूमिल करने का प्रयास किया जा रहा है जिसमे कमज़ोर लोगों को योजनाओं के लाभ से वंचित करने में किसी भी प्रकार का कसर नहीं छोड़ रहा है तथा इन सब के पीछे का कारण भी स्पष्ट नहीं है।अमृतकाल के इस दौर में श्रमिक वर्ग कों योजनाओं का लाभ न मिल पाना अत्यंत दुर्भाग्यजनक है वही दूसरी ओर श्रम मंत्री की समीक्षा बैठक, जिला कलेक्टर की समय सीमा बैठक तथा लोक सेवा गारंटी अधिनियम इत्यादि भी जिले में लंबित आवेदन के सामने पंगु साबित हो रहा है।
विभाग मे पदस्थ दैनिक वेतन भोगी कर्मचारी कार्य के प्रति गैर जिम्मेदार
जिले मे पंजीयन नवीनीकरण योजनाओं इत्यादि आवेदन के लंबित प्रकरण की संख्या से प्रतीत होता है कि विभाग के लेबर इंस्पेक्टर सहित उनके अधीन दैनिक वेतन भोगी कर्मचारीयों के कार्य की उदासीनता किस प्रकार से है। विभाग मे पर्याप्त मात्रा मे स्टाफ होने के बाद भी लंबित प्रकरण के अम्बार है। विभाग के कर्मचारी ऑफिस मे बैठ कर कुर्सी गरम करके तोड़ने मे लगे हुए है विभाग का न तो किसी भी प्रकार से जनहित शिविर आयोजित करती है और नहीं हितग्राही मुलक कार्यक्रम आयोजित करते है।जिले मे विभाग के इस रवैये से अनेकों हितग्राहीयों कों योजना के लाभ से वंचित होना पड़ रहा है। समय पर पंजीयन नहीं होने से योजनाओं का लाभ नहीं मिलता जिसके कारण सरकार के महत्त्वकांक्षी योजना सिमट कर रह जाती है जिसका खामयाजा चुनाव के समय भुगतना पड़ता है।
केवल एक श्रम निरिक्षक पर टिका है जिले का श्रम विभाग
जिला बलौदाबाजार भाटापारा के जिला श्रम विभाग मे केवल एक श्रम निरीक्षक होने से जिले के कार्य कछुए की चाल से हो रही है अगर श्रम निरीक्षक छुटी मे चले जाय तो जिला का पूरा काम रुक जाता है क्योंकि श्रम निरीक्षक के आईडि से ही पंजीयन नवीनीकरण योजनाओं और विभाग अन्य कार्य संचालित होती है जिले मे नई भर्ती मे महिला श्रम निरीक्षक आयी है जिसे अभी विभाग के कार्य का अनुभव नहीं होने से विभाग के कार्य काफ़ी प्रभावित हो रहा है विभाग के उच्च अधिकारीयों को जिला बलौदाबाजार भाटापारा के श्रम विभाग के बारे मे विशेष ध्यान देना चाहिए क्योंकि जिला बलौदाबाजार भाटापारा हमेशा विवादों से घिरा रहा है
अब देखने वाली बात होंगी कि प्रशासन इस खबर पर किस प्रकार से एक्शन लेता है।
विभाग मे लंबित आवेदन
श्रम कार्ड हेतु पंजीयन लंबित आवेदन -4416
नवीनीकरण लंबित आवेदन -2482
महतारी जतन योजना लंबित आवेदन - 538
नोनी शसक्तिकरण योजना लंबित आवेदन-1709
सायकिल योजना लंबित आवेदन -5112
सिलाई मशीन योजना लंबित आवेदन -565
उपकरण योजना लंबित आवेदन -4670
निर्माण श्रमिक मृत्यु योजना लंबित आवेदन-75
सियान सहायता योजना लंबित आवेदन -80
आवास योजना लंबित -78
विज्ञापन
विज्ञापन