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: जरबेरा की खेती से फल-फूल रहे किसान, 50% अनुदान भी

Admin

Sun, Feb 12, 2023
राजनांदगांव | जिले के किसान अब धान, गेहूं सब्जी की पैदावारी छोड़ उन्नत फसल जरबेरा फूल की  खेती कर सालाना लाखों रुपए कमा रहे है | उन्नत खेती जरबेरा फूल की खेती के लिए सरकार लागत का 50 प्रतिशत का अनुदान भी दे रही है | वर्तमान जिले में 4 किसान जरबेरा की खेती कर रहें हैं | किसानों ने बताया कि जरबेरा फूल की खेती में सालाना 10 से 12 लाख रुपए प्रति एकड़ आय हो रही है | किसान जरबेरा की खेती कर अन्य फसलों की तुलना में कही अधिक कमाई कर रहे हैं | उद्यानिकी विभाग से मिली जानकारी के अनुसार राष्ट्रीय बागवानी मिशन योजना और संरक्षित खेती के अंतर्गत पोली हाउस स्कीम के तहत जिले के चार किसान जरबेरा फूल की खेती कर रहे है | विभाग द्वारा इन किसानों को पोली हाउस निर्माण व पौध रोपण के लिए 50-50 प्रतिशत का अनुदान दे रही है | एक एकड़ में लगभग 26 हजार पौधे रोपे जाते हैं | पुणे से आते है पौधे, भुरभुरी मिट्टी वाली जमीन उपयुक्त: जरबेरा की खेती में एक बार पौध रोपण के बाद 5 साल तक लगातार पैदावारी हो रही है | पौध रोपण के तीन माह बाद फूलों की पैदावारी शुरू हो जाती है और रोजाना फूलों की तोड़ाई होती है | किसान इन फूलों को डीलर के माध्यम से रोजाना बिक्री कर रहे हैं | किसानों ने बताया की पौध रोपण के लिए पौधे पुणे से आते हैं | प्रति पौधे 30 से 40 रुपए में खरीदी किए हैं | जरबेरा की खेती के लिए भुरभुरा मिट्टी वाली जमीन उपयुक्त है | खेती के लिए सबसे पहले जमीन को लेबल सिंचाई के लिए ड्रिप सिस्टम लगाया जाता है, फिर धान का भूसा और खाद मिला कर डाला जाता है | इसके बाद बैड बनाकर पौधे रोपे जाते है | महिला किसान उन्नत खेती कर कमा रही सालाना लाखों: जरबेरा की खेती कर रही एमए अंग्रेजी व बीएड की शिक्षा प्राप्त महिला किसान अनीता नायडू ने बताया कि उनका शुरू से ही खेती के प्रति लगाव रहा है | बताया कि धान, गेंहू सब्जी के अलावा उनका रुझान उन्नत खेती की ओर रहा और उसने जरबेरा की खेती शुरू की | अनीता ने बताया की जरबेरा की खेती में सालाना 10 से 12 लाख की कमाई हो रही है | उन्होंने बताया कि शादी व धार्मिक आयोजनों के सीजन में जरबेरा फूल प्रति नग 5 से 7 रुपए तक बिक्री होती है | बताया एक एकड़ में प्रति दिन लगभग 2000 फूल निकल रहे हैं और आउट सीजन में ढाई से तीन रुपए प्रति नग में बिक्री होती है |

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